मध्य प्रदेश कांग्रेस के नवनियुक्त अध्यक्ष जीतू पटवारी ने रविवार को दिल्ली में राहुल गांधी से मुलाकात की। काफी देर तक चली इस बैठक में कांग्रेस विधायक दल के नेता उमंग सिंघार और उप नेता हेमंत कटारे भी मौजूद रहे। राहुल गांधी से मुलाकात के बाद जीतू पटवारी ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि बैठक में कई मुद्दों पर चर्चा हुई। संगठन में युवाओं की अधिकतम भागीदारी, अगले साल के लोकसभा चुनाव में अधिकतम सीटें और गुटबाजी के बिना सामूहिक नेतृत्व में चुनाव लड़ना मुख्य मुद्दे थे जिन पर बातचीत हुई।
राहुल से मुलाकात के बाद एएनआई से बात करते हुए एमपी प्रदेश प्रमुख जीतू पटवारी ने अधिक युवाओं को शामिल करके कांग्रेस को मजबूत करने की कसम खाई। पटवारी ने कहा- युवाओं की अधिकतम भागीदारी, अगले साल के लोकसभा चुनाव में राज्य में अधिकतम सीटें जीतने का लक्ष्य और गुटबाजी के बिना सामूहिक नेतृत्व में चुनाव लड़ना मुख्य मुद्दे थे जिन पर चर्चा हुई।
जीतू पटवारी ने कहा- सूबे की 40 फीसदी मतदाताओं ने कांग्रेस के पक्ष में मतदान किया जबकि 48 प्रतिशत ने भाजपा के पक्ष में मतदान किया। हम लोगों के बीच जाएंगे और लोकसभा चुनाव से पहले राज्य में जितना संभव हो सके उतने लोगों तक पहुंचने का प्रयास करेंगे।
दिग्गजों दिग्विजय सिंह और कमलनाथ के अगले लोकसभा चुनाव लड़ने की संभावनाओं पर जीतू पटवारी ने कहा कि चुनाव सामूहिक नेतृत्व में होंगे। आलाकमान ही तय करेगा कि कौन चुनाव लड़ेगा और कौन नहीं।
वहीं बैठक के बाद पत्रकारों से बात करते हुए उमंग सिंघार और हेमंत कटारे ने कहा कि पार्टी लोकसभा चुनाव में युवाओं की ज्यादा से ज्यादा भागीदारी पर फोकस करेगी। उमंग सिंघार ने एएनआई को बताया- 19 दिसंबर को सीडब्ल्यूसी की बैठक में विधानसभा चुनावों में हार की भी समीक्षा की जाएगी। भाजपा ने राज्य में 163 सीटें जीतकर शानदार जनादेश हासिल किया, जबकि कांग्रेस 66 सीटों के साथ दूसरे स्थान पर रही।